प्रयागराज। उत्तर प्रदेश के सरकारी और सहायता प्राप्त शिक्षण संस्थानों में नौकरी का इंतजार कर रहे युवाओं के लिए बड़ी खुशखबरी है। उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग अब पुरानी लंबित भर्तियों की परीक्षा तिथियां घोषित करने के बाद नई भर्तियों के विज्ञापन की दिशा में तेजी से कदम बढ़ा रहा है। शासन स्तर पर ई-अधियाचन पोर्टल का सफल परीक्षण पूरा कर लिया गया है, जिससे भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता और तेजी आएगी।
पोर्टल का परीक्षण सफल, जल्द होगा लाइव
उच्च शिक्षा निदेशक डॉ. बी.एल. शर्मा ने पोर्टल के यूजर एक्सेप्टेंस टेस्टिंग (UAT) पर हस्ताक्षर कर दिए हैं। अगले सप्ताह शिक्षा सेवा चयन आयोग भी इस पर अपनी मुहर लगाकर इसे कार्मिक विभाग को भेज देगा। इसके तुरंत बाद NIC इस पोर्टल को लाइव कर देगा। पोर्टल लाइव होते ही रिक्तियों को ऑनलाइन अपलोड करने का काम शुरू हो जाएगा।
24,000 से अधिक पदों पर होगी सीधी भर्ती
वर्तमान में उच्च शिक्षा और माध्यमिक शिक्षा निदेशालय के पास 24,000 से अधिक रिक्तियों का विवरण पहले से तैयार है। इसमें प्रमुख रूप से निम्नलिखित पद शामिल होंगे:
असिस्टेंट प्रोफेसर और प्राचार्य: सहायता प्राप्त (एडेड) महाविद्यालयों के लिए।
शिक्षक (विभिन्न श्रेणियाँ): एडेड माध्यमिक विद्यालयों के लिए।
अन्य नियुक्तियाँ: एडेड जूनियर हाईस्कूल, संबद्ध प्राइमरी स्कूल, अल्पसंख्यक कॉलेज, अटल आवासीय विद्यालय और सरकारी ITI में अनुदेशकों के पद।
पारदर्शिता के लिए ई-अधियाचन का सहारा
अब तक निदेशालय स्तर पर जिला शिक्षा अधिकारियों के माध्यम से रिक्त पदों का सत्यापन और परीक्षण कराया जा चुका है। ई-अधियाचन पोर्टल के माध्यम से इन पदों का विवरण सीधे आयोग को भेजा जाएगा, जिससे मैन्युअल देरी और गलतियों की गुंजाइश खत्म होगी। आयोग का लक्ष्य है कि जल्द से जल्द नए विज्ञापनों के जरिए आवेदन प्रक्रिया शुरू की जाए ताकि प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था को नए और योग्य शिक्षक मिल सकें।
