वृक्षारोपण महाअभियान को सफल बनाने के लिए प्रमुख सचिव सहकारिता/नोडल अधिकारी प्रयागराज ने बैठक कर परखी वृक्षारोपण महाअभियान की तैयारी
*प्रमुख सचिव ने अधिकारियों को पूरे उत्साह एवं सामाजिक सहभागिता के साथ शत-प्रतिशत वृक्षारोपण के लक्ष्य को प्राप्त करने हेतु किया प्रेरित*
*पेड़ लगाए जीवन बचाएं और इस वृक्षारोपण महाअभियान को सफल बनाएं-प्रमुख सचिव*
*प्रयागराज 11 जुलाई।*
प्रमुख सचिव सहकारिता/नोडल अधिकारी-प्रयागराज श्री अजय कुमार शुक्ला ने शनिवार को कलेक्टेªट परिसर स्थित संगम सभागार में 12 जुलाई को प्रस्तावित वृक्षारोपण महाभियान-2026 की तैयारियों के संबंध में सभी संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ बैठक कर वृक्षारोपण महाअभियान की समीक्षा की।
प्रमुख सचिव ने प्रभागीय वनाधिकारी से जनपद प्रयागराज हेतु निर्धारित लक्ष्य 82,68,300 पौधों को रोपित किये जाने के सापेक्ष विभिन्न विभागों द्वारा स्थल चयन, गड्ढ़ा खुदाई की रिपोर्ट तथा पौधों के उठान की अद्यतन स्थिति एवं अन्य तैयारियों के बारे में जानकारी प्राप्त की। उन्होंने सभी विभागीय अधिकारियों से लक्ष्य के सापेक्ष अब तक किये गये पौधों के उठान सहित अन्य बिंदुओं के बारे में विभागवार विस्तार से जानकारी प्राप्त करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिये। बैठक में प्रभागीय वनाधिकारी के द्वारा बताया गया कि जनपद में इस बार 82.68 लाख वृक्षारोपण का लक्ष्य है, जिसके सापेक्ष जनपद में लगभग 1 करोड़ पौधो की उपलब्धता है। वृक्षारोपण के इस महाअभियान में विभिन्न सामाजिक, स्वयंसेवी, शैक्षणिक, सिविल डिफेंस, औद्योगिक संगठन, व्यापारिक संगठन, मेडिकल एसोसिएशन, पेट्रोल पम्प, ईट-भट्टा संगठन, रोटरी क्लब, लायंस क्लब सहित विभिन्न संगठनों के साथ जिलाधिकारी के द्वारा बैठक कर वृक्षारोपण के इस महाअभियान में सक्रिय भूमिका निभाने तथा बढ़-चढ़कर सहभागिता हेतु जोड़ा गया है, जिससे लक्ष्य के सापेक्ष अधिक संख्या में वृक्षारोपण किया जायेगा। उन्होंने बताया कि सभी ग्राम प्रधानों, सचिवों, सफाई कर्मियों, प्राथमिक, जूनियर, इण्टरमीडिएट व डिग्री कालेज के अध्यापकों के साथ भी ऑनलाइन माध्यम से बैठक कर ज्यादा से ज्यादा वृक्षारोपण कराये जाने हेतु प्रेरित किया गया है। उन्होंने बताया कि इस महाअभियान में वृक्षारोपण के साथ-साथ उन्हें सुरक्षित किए जाने के भी उपाय सुनिश्चित किए जायेंगे। उन्होंने बताया कि जनपद के विभिन्न क्षेत्रों में बड़े-बड़े क्षेत्रों का चयन कर उनमें मिशन छाया, वंदेमातरम वाटिका, महर्षि चरक औषधि वाटिका, रामराज्य वन, कपिवन, समृद्धि वन, ऊर्जा वन, एक्सप्रेस वे, अविरल धारा, सहजन भण्डारा, आम भण्डारा, भाई-बहन वृक्षारोपण, शिक्षक दिवस पर एक पेड़ गुरू के नाम, ग्रीन चौपाल आदि थीमों पर आधारित वृक्षो का रोपण किया जायेगा।
बैठक में जिलाधिकारी के द्वारा बताया गया कि पर्यावरण संरक्षण एवं भावी पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य के लिए अधिकाधिक वृक्षारोपण आवश्यक है, इसलिए वृक्षारोपण महाअभियान को एक जनभागीदारी के माध्यम से जनआंदोलन का रूप दिए जाने का प्रयास किया जा रहा है। बैठक में जिलाधिकारी के द्वारा वृक्षारोपण महाअभियान की तैयारियों के अद्यतन स्थिति से प्रमुख सचिव/नोडल अधिकारी महोदय को अवगत कराया गया।
बैठक में प्रमुख सचिव ने क्लाइमेट चेंज के दृष्टिगत वृक्षापोपण के महत्व एवं स्वस्थ जीवन शैली में वृक्षों की उपयोगिता के बारे में बताते हुये अधिकारियों को पूरे उत्साह एवं सामाजिक सहभागिता के साथ शत-प्रतिशत वृक्षारोपण कराते हुये लक्ष्य पूर्ण करने हेतु प्रेरित भी किया। उन्होंनेे उपस्थित सभी विभागाध्यक्षों को लक्ष्य के अनुरूप शत-प्रतिशत वृक्षारोपण की जिओ टैगिंग करते हुए उसे हरितिमा एप पर अपलोड किया जाने एवं सहभागिता के माध्यम से लोगो को ‘‘एक पेड़ मां के नाम’’ रोपित किए जाने हेतु जागरूक किए जाने तथा उनके द्वारा रोपित पौधो के साथ उन्हें सेल्फी लेकर अपलोड़ किये जाने के भी निर्देश दिए है। उन्होंने उपस्थित अधिकारियों को निर्देशित करते हुये कहा कि 12 जुलाई 2026 को वन विभाग सहित सभी विभाग वृहद वृक्षारोपण अभियान को इलेक्शन मोड में एक जनआंदोलन का रूप देते हुए जनपद को निर्धारित लक्ष्य से भी अधिक वृक्षारोपण किया जाना सुनिश्चित करेंगे तथा उनकी जिओ टैगिंग कराये जाने की व्यवस्था भी करेंगे। उन्होंने वृक्षारोपण के बाद सिंचाई की समुचित व्यवस्था करने तथा पौधो के सर्वाइबल को बढ़ाये जाने के लिए कहा है। उन्होंने जनसहयोग के माध्यम से लगाये जाने वाले पौधो की जिओ टैगिंग की व्यवस्था करने के निर्देश दिए है।
प्रमुख सचिव ने कहा कि 12 जुलाई को प्रदेश में वृक्षारोपण महाअभियान-2026 के तहत 35 करोड़ पौधों का रोपण किया जाना है। यह अभियान ‘‘एक पेड़ माँ के नाम’’ थीम को समर्पित है। यह अभियान न केवल पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देगा, बल्कि उत्तर प्रदेश को हरित और स्वच्छ भविष्य की ओर अग्रसर करेगा।
प्रमुख सचिव ने कहा कि विधिवत योजना एवं रणनीति के तहत वृक्षारोपण महाभियान को सफल बनाया जाये। उन्होंने उपस्थित सभी अधिकारियों को इस कार्य को विभागीय जिम्मेदारी के रूप में नहीं बल्कि महोत्सव के रूप में मनाते हुए ज्यादा से ज्यादा लोगो को वृक्षारोपण हेतु जागरूक करते हुए वृक्षारोपण कराये जाने के लिए कहा है। इस महाअभियान के अंतर्गत क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर वृक्षारोपण कराया जाए। उन्होंन कहा कि इसके अतिरिक्त एक्सप्रेस-वे, हाईवे व प्रमुख मार्गों के दोनों किनारों पर भी वृहद वृक्षारोपण कराया जाये। गौ आश्रय स्थलों पर छायादार प्रजाति के पौधों का रोपण किया जाये।
उन्होंने कहा कि प्रत्येक अधिकारी व कर्मचारी द्वारा कम से कम एक पौधा अवश्य रोपित किया जाये और उसकी सुरक्षा का संकल्प लें। यह भी निर्देश दिये कि ग्रामीण क्षेत्रों के साथ ही शहरी क्षेत्रों में भी वृहद् स्तर पर वृक्षारोपण कराया जाये। पौधों की सुरक्षा के दृष्टिगत विभागों में उपलब्ध घिरे हुए क्षेत्रों को पौध रोपण के लिए प्राथमिकता दी जाये। विभिन्न औद्योगिक इकाइयों, विभागीय परिसरों, आवासीय व अनावासीय परिसरों में उपलब्ध भूमि पर वृक्षारोपण कराया जाये। मियावाकी वृक्षारोपण को प्राथमिकता दी जाये।
बैठक मे मुख्य विकास अधिकारी हर्षिका सिंह, अपर जिलाधिकारी श्री संजय पांडेय सहित जिले के सभी संबंधित विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।
