आधुनिक तकनीक अपनाकर कृषक होगें प्रोफेशनल वैज्ञानिक-श्री संजय पचौरी, मा0 न्यायामूर्ति
*अमरूद की उन्नतशील प्रजातियों के पौधें देगा खुशरूबाग - डा0 वीरेन्द्र सिंह,*
एकीकृत बागवानी विकास मिशन कार्यक्रम अन्तर्गत केन्द्रीय उपोष्ण बागवानी संस्थान, रहमानखेडा, लखनऊ द्वारा दिनांक 18.04.2026 को आयोजित ‘‘अमरूद उत्पादकों का तकनीकी उन्नयन‘‘ विषयक एक दिवसीय कार्यशाला का शुभारंभ श्री संजय कुमार पचौरी, मा0 न्यायमूर्ति, इलाहाबाद उच्च न्यायालय, इलाहाबाद द्वारा फीता काटकर किया गया। कार्यशाला के उद्द्याटन सत्र में मा0 न्यायमूर्ति जी द्वारा अमरूद उत्पादक कृषकों को वैज्ञानिक की संज्ञा देते हुए कहा कि कृषक आधुनिक तकनीक अपनाकर प्रोफेशनल वैज्ञानिक होगें। श्री पचौरी द्वारा अपने उद्बोधन में भूमि की उर्वरा शक्ति को बढाने के लिए फसलों के अवशेषों को कम्पोस्ट के रूप में परिवर्तित करने का आवान्हन किया। मुख्य अतिथि द्वारा प्रयागराज, कौशाम्बी एवं फतेहपुर के सघन बागवानी हेतु अमरूद उत्पादकों को अवध भूषण व धवल प्रजाति के 25-25 कलमी पौधों का निःशुल्क वितरण भी किया।
कार्यक्रम के तकनीकी सत्र में केन्द्रीय उपोष्ण बागवानी संस्थान के प्रधान वैज्ञानिक डा0 कंचन कुमार श्रीवास्तव द्वारा अमरूद सघन बागवानी, स्पेलियर तकनीक के विषय में अमरूद उत्पादकों को जानकारी दी गयी तथा केन्द्रीय उपोष्ण बागवानी संस्थान द्वारा विकसित धवल व अवध भूषण अमरूद की प्रजातियों को प्रोत्साहित करने पर जो देते हुए कृषकों के प्रक्षेत्रों पर सघन विधि से पौध लगाने के लिए तकनीकी जानकारी दी गयी। स्पेलियर तकनीक से पौधों की सधाई कर चार स्टेप में करने तथा नियमित प्रनिंग कर अच्छी कैनोपी बनाने पर जोर दिया, साथ ही डा0 दिनेश कुमार, प्रधान वैज्ञानिक, सी.आई.एस.एच. लखनऊ द्वारा अमरूद फसल में जल प्रबन्धन एवं पोषण प्रबन्धन पर चार्च की गयी।
उद्यान विभाग के संयुक्त निदेशक डा0 वीरेन्द्र सिंह द्वारा औद्यानिक प्रयोग एवं प्रशिक्षण केन्द्र, खुशरूबाग, प्रयागराज में हो रहे उच्च गुणवत्ता के पौधों की जानकारी देते हुए बताया गया कि केन्द्र में 16 अमरूद की प्रजातियों के मातृ पौधों का चयन कर रोपण किया गया है। इनमें से इलाहाबाद की विश्व विख्यात प्रजातियां इलाहाबाद सफेदा, एपिल कलर के अलावा नयी प्रजातियों में अवध भूषण रेड डायमन्ड, हिसार सफेदा, धवल, श्वेता, ललित, लालिमा आदि के पौधों को लगाकर आगामी वर्षो में उच्च गुणवत्ता के पौधों उपलब्ध कराये जायेगें। इसके अलावा डा0 सिंह द्वारा फसल बहार नियन्त्रण तकनीक के लिए अमरूद उत्पादकों से आवान्हन किया कि मई माह में अमरूद पौधों की साफ्ट प्रूनिंग करने के लिए कहा। कार्यक्रम का संचालन वी0के0 सिंह, प्रभारी औद्यानिक प्रयोग एवं प्रशिक्षण केन्द्र, खुशरूबाग, प्रयागराज द्वारा किया गया।
उपरोक्त के अलावा डा0 जितेन्द्र प्रताप सिंह, वैज्ञानिक उद्यान, के0वी0के0 कौशाम्बी, डा0 हिमान्शु, वैज्ञानिक उद्यान, बांदा कृषि विश्वविद्यालय, बांदा, जगदीश प्रसाद, अधीक्षक, राजकीय उद्यान, प्रयागराज, शुभम सिंह, प्रोजेक्ट सहायक, केन्द्रीय उपोष्ण बागवानी संस्थान, लखनऊ, संदीप सिंह, मनीष यादव, आकांक्षा पाल, अजय कुमार, विवेक श्रीवास्तव, अमित कुमार सिंह, सुरेश यादव, अखिलेश पाल आदि उपस्थित रहे। इसके अलावा अमरूद के पौध प्राप्त करने वालों में मुुन्नू पटेल, बकराबाद, मकशूद अहमद, बम्हरौली, प्रबल प्रताप सिंह, कौशाम्बी, जीत लाल यादव, महगांव कौशाम्बी, एबादसफी, सराय अकिल कौशाम्बी, रविन्द्र कुमार सिंह, प्रयागराज, अरूणन्जय सिंह, कंधिया, फतेहपुर के अलावा अन्य राजकीय संस्थानों के प्रतिनिधियों को मातृ पौधों हेतु पौध वितरण मुख्य अतिथि द्वारा किया गया।
