
लखनऊ: राजधानी लखनऊ में प्लाट के काराेबार में मुनाफे का लालच देकर जालसाज लोगों को ठगी का शिकार बना रहे हैं। ऐसे ही दो मामले में सोमवार को सामने आए। इसमें मां और बेटे समेत पांच लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। मोटे मुनाफे का लालच देकर जालसाजों ने नक्खास इलाके में रहने वाली मेकअप आर्टिस्ट से 91 लाख से अधिक रुपये ठग लिए। इस मामले में चौक कोतवाली में आरोपित दंपति समेत तीन के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। वहीं, गोमतीनगर विनयखंड दो में एक वृद्धा से निवेश के नाम पर जालसाज मां-बेटे ने 10 लाख रुपये ठगे।इंस्पेक्टर चौक के मुताबिक अकबरी गेट के पास स्थित अपार्टमेंट में रहने वाली मंतशा किरमानी पत्नी सामिम बेग मेकअप आर्टिस्ट हैं। उन्होंने बताया कि डालीगंज इरादतनगर की ऊषा चौधरी पत्नी मेराज चौधरी से उनका परिचय है। ऊषा, मेराज और उनकी बेटी अलीशा ने बताया कि वह मकान निर्माण का बड़ा काम करते हैं। इस व्यवसाय में निवेश करने पर मोटा मुनाफा मिलेगा। तीनों ने अपनी बातों में फंसा लिया। उनके कहने पर जुलाई 2019 से जुलाई 2021 के बीच 91 लाख 50 हजार उन्हें दिए गए। पर इसका कोई भी मुनाफे का रुपया तीनों ने नहीं दिया। रुपयों की मांग करने पर पहले टाल मटोल करते रहे। फिर कोविड में घाटे का हवाला देकर टाल मटोल करते रहे। फिर फोन रिसीव करना बंद कर दिया। बीते कुछ माह पहले मुलाकात हुई तो ऊषा, मेराज और अलीशा तीनों ने धमकी दी। रुपये देने से मना कर दिया। ऊषा और उनके पति के खिलाफ ठगी के कई और मुकदमे भी दर्ज हैं। मामले की जानकारी पुलिस उच्चाधिकारियों को दी। इसके बाद चौक कोतवाली में मुकदमा दर्ज हुआ। इंस्पेक्टर ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। इंस्पेक्टर गोमतीनगर केके तिवारी के मुताबिक विनयखंड दो में रहने वाली निरुपमा वर्मा ने बताया कि रोहतास प्लूमेरिया में रहने वाले वैभव और उनकी मां सुमिता सिंह के कहने पर 10 लाख रुपये का निवेश किया था। दोनों ने मोटा मुनाफा देने की बात कही थी। कई माह बीत गए मुनाफा नहीं दिया। विरोध पर टाल मटोल करते रहे। मूलधन मांगा तो चेक दी वह भी बाउंस हो गई।
