नई दिल्ली. यूक्रेन के खार्किव में मंगलवार सुबह कर्नाटक निवासी छात्र नवीन शेखरप्पा ज्ञानगौदर की मौत हो गई, वह भोजन के लिए किराने की एक दुकान के बाहर लाइन में खड़ा था. नवीन ने फ्लैट से बाहर निकलने से पहले अपने पिता शेखर से बात की थी. वह खार्किव नेशनल मेडिकल यूनिवर्सिटी में मेडिकल फाइनल ईयर का छात्र था. वह कर्नाटक के हावेरी का रहने वाला था. नवीन के पिता शेखर गौड़ा ने बताया कि उनका बेटा, हर दिन दो-तीन बार फोन कर बात करता था.नवीन के पिता शेखर गौड़ा ने बताया कि हर दिन बेटे से दो या तीन बार बात होती थी. वह भारत लौटने की तैयारी कर चुका था. वह फाइनल ईयर का छात्र था और खार्किव के पॉश इलाके के फ्लैट में रहता था. मंगलवार सुबह 8.30 बजे तक वह फ्लैट पर ही था उसके बाद वह भोजन के लिए पास के किराना स्टोर पर गया था. वहां लाइन लंबी थी, इसलिए उसे वहां खड़े रहना पड़ा. इस स्टोर के पास ही गवर्नर हाउस था, रूसी सेना ने अचानक हवाई हमला किया और गवर्नर हाउस को उड़ा दिया. इसी गोलाबारी में नवीन की मौत हो गई.नवीन के मोबाइल से मिली पहली सूचना
खार्किव में स्टूडेंट कॉर्डिनेटर पूजा प्रहराज ने बताया कि नवीन भोजन लेने बाहर निकला था, वह फ्लैट में रहता था. इधर छात्रावास में तो स्टूडेंट्स के खाने की व्यवस्था की गई है, लेकिन जो बाहर रहते हैं, वे अपने खाने का इंतजाम खुद करते हैं. नवीन, किराना स्टोर के बाहर लाइन में खड़ा था और इस बीच हवाई हमला हुआ तो हजारों गोलियां आसमान से बरसने लगीं. यही गोलियां नवीन को लगीं और उसकी मौत हो गईं. नवीन के मोबाइल से इसकी सूचना एक यूक्रेनी महिला ने दी. उसने मोबाइल पर बताया कि जिस व्यक्ति का यह मोबाइल है, उसके शव को मरचुरी ले जाया जा रहा है. महिला ने उसका मोबाइल फोन उठाया था. पूजा प्रहराज खार्किव में अंतिम वर्ष की मेडिकल छात्रा हैं, ने यह जानकारी एनडीटीवी से साझा की.मंत्रालय ने किया है परिवार से संपर्क नवीन के पिता शेखर गौड़ा ने बताया कि भारतीय दूतावास ने संपर्क किया है. वहीं कर्नाटक के मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई ने भी बात की. कर्नाटक के मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई ने कहा कि अपने बेटे को खोने वाले शेखर गौड़ा दुख से घुट रहे हैं.
