प्रयागराज, चुनाव में महज दो दिन शेष बचा है। अब तक मतदाता पर्ची का वितरण प्रशासन की ओर से नहीं किया जा सका है। प्रशासन के दावे फेल नजर आ रहे हैं। लोगों को यह तक जानकारी नहीं हो पा रही है कि उनका नाम मतदाता लिस्ट में शामिल है भी की नहीं। इसको लेकर चुनाव कंट्रोल रूम में दिनभर फोन घनघनाते रहे। मिल रही शिकायत कई लोगों के नाम लिस्ट से गायब मेजा से अशोक कुमार ने कंट्रोल रूम में फोन कर पूछा कि अब तक बीएलओ की ओर से न तो मतदाता लिस्ट दिखाया गया है और न ही मतदाता पर्ची घर तक आई है। क्षेत्र के कई लोगों का नाम भी इस बार वोटर लिस्ट से गायब हो गया है। वहीं जिला प्रशासन की ओर से दावा किया जा रहा है कि मतदाता पर्ची बांटने का काम 18 फरवरी से ही शुरू हो गया है। कई स्थानों पर पर्ची लोगों के घरों तक पहुंचा भी दी गई है। निर्वाचन विभाग का कहना है कि जिन लोगों के पास वोटर पर्ची नहीं पहुंची है, ऐसे लोगों को घबराने की जरूरत नहीं है। उनके पास वोटर आईडी होना चाहिए। वह इसके लिए अन्य पार्टियों के पोलिंग एजेंटों से भी लाभ ले सकते हैं। बता दें कि निर्वाचन आयोग ने नए नियम बनाए थे, जिनके मुताबिक मतदान से कम से कम एक दिन पहले ही सभी मतदाताओं के पास वोटिंग की पर्ची पहुंच जानी चाहिए थी। निर्वाचन विभाग की ओर से काफी लोगों के घरों पर मतदाता पर्ची नहीं पहुंचाई गई है। ऐसे में मतदाताओं को खासी परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। कंट्रोल रूम से फोन कर शिक्षामित्रों से मांगा जा रहा रिपोर्ट
चुनाव से पहले प्रशासन अलर्ट मोड में नजर आ रहा है। गुरुवार को कंट्रोल रूम से शिक्षामित्रों को फोन कर मतदाता पर्ची बटवाकर रिपोर्ट देने का आदेश चुनाव कंट्रोल रूम की ओर से दिया जा रहा था। शिक्षामित्रों को आदेश दिया गया कि वह अपने क्षेत्र के बीएलओ की जांच करें और चेक करें कि क्षेत्र में पूरी तरह से मतदाता पर्ची का वितरण हो पाया है कि नहीं। क्षेत्र में मतदाता पर्ची बटवाने के बाद इसकी रिपोर्ट एसडीएम को सौंपने को कहा जा रहा है।
