बलिया (यूपी)। विधानसभा बांसडीह के समाजवादी पार्टी के भावी उम्मीदवार एवं पूर्व मंत्री रामगोविंद चौधरी के पुत्र रंजीत चौधरी ने मंगलवार को समर्थकों और नेताओं के दलबल के साथ क्षेत्र के विभिन्न बाढ़ प्रभावित इलाकों का तूफानी दौरा किया।
रंजीत चौधरी ने ककरघट्टा, नवका गांव, रिगवन, सुल्तानपुर, चक्की दियर, जयनगर और मनियर वार्ड नंबर-10 बहेरापार सहित कई प्रभावित गांवों में जाकर सीधे ग्रामीणों से मुलाकात की और उनके दर्द को साझा किया।
राहत कार्यों में तेजी लाने की मांग
निरीक्षण के बाद रंजीत चौधरी ने शासन-प्रशासन द्वारा दी जा रही सुविधाओं पर गहरा असंतोष व्यक्त किया। उन्होंने बाढ़ पीड़ितों को मिलने वाली सरकारी सहायता को अपर्याप्त और ऊंट के मुंह में जीरा करार दिया। उन्होंने कहा कि बाढ़ की वजह से आम जनता का जीवन अस्त-व्यस्त हो गया है; आवागमन पूरी तरह ठप है, भोजन का संकट खड़ा हो गया है और मवेशियों के लिए चारे का गंभीर अभाव है। उन्होंने प्रशासन से तत्काल राहत एवं बचाव कार्यों में तेजी लाने की पुरजोर मांग की।
स्थानीय प्रशासन और लेखपाल की भूमिका पर उठाए सवाल
जयनगर के बाढ़ पीड़ितों का जिक्र करते हुए सपा नेता ने कहा कि वहां के निवासी क्षेत्रीय लेखपाल के रवैये और कार्यप्रणाली से बेहद नाराज हैं। उन्होंने स्पष्ट कहा कि आपदा की इस घड़ी में भेदभाव रहित और निष्पक्ष तरीके से काम होना चाहिए, ताकि हर वास्तविक और पात्र पीड़ित तक सरकारी मदद बिना किसी अड़चन के पहुंच सके।
दौरे के दौरान मौजूद प्रमुख नेता
इस मौके पर उनके साथ सपा के कई वरिष्ठ पदाधिकारी और स्थानीय प्रतिनिधि मौजूद रहे, जिनमें मुख्य रूप से:
उदय बहादुर सिंह (विधानसभा अध्यक्ष)
सुशांत राज पाठक
चंद्रशेखर सिंह (प्रधान)
श्री भगवान वर्मा
भारत यादव (प्रधान)
एजाज अहमद (पूर्व प्रधान)
परमात्मा यादव (पूर्व प्रधान)
रामाशंकर यादव (सपा ब्लॉक अध्यक्ष)
राम बच्चन यादव (पूर्व ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि, नवानगर)
उपेंद्र पटेल, जेपी यादव (पूर्व जिला पंचायत सदस्य), विजय यादव एवं अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहे।


