विषय: प्रयागराज में सिस्को महिला उद्यमिता प्रोग्राम (WEP) के तहत आयोजित एम्पावर-हर माइलस्टोन कार्यक्रम में महिला उद्यमियों का सम्मान
प्रयागराज, उत्तर प्रदेश, 17 मार्च 2026:
प्रयागराज के AMA कन्वेंशन सेंटर में एम्पावरहर माइलस्टोन कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें सिस्को वीमेन एंटरप्रेन्योरशिप प्रोग्राम (WEP) से जुड़ी महिला उद्यमियों की उपलब्धियों का उत्सव मनाया गया। यह कार्यक्रम सिस्को की कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व (CSR) पहल के अंतर्गत संचालित है और इसका क्रियान्वयन लर्निंग लिंक्स फाउंडेशन द्वारा किया जा रहा है।
यह कार्यक्रम प्रयागराज में महिला-नेतृत्व वाले उद्यमों को बढ़ावा देने और समुदाय आधारित आर्थिक विकास को सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर रहा। इस पहल का उद्देश्य उद्यमिता कौशल को मजबूत करना, अवसरों तक पहुंच बढ़ाना तथा महिलाओं को स्थायी व्यवसाय स्थापित करने और विस्तार करने के लिए सक्षम बनाना है।
इस कार्यक्रम में कई विशिष्ट अतिथियों की गरिमामयी उपस्थिति रही, जिनमें श्री गणेश केसरवानी, महापौर, प्रयागराज; श्री बी. के. सिंह, जिला पंचायत अध्यक्ष, प्रयागराज; सहित जिला प्रशासन के अन्य वरिष्ठ अधिकारी शामिल थे। इसके अतिरिक्त सिस्को और लर्निंग लिंक्स फाउंडेशन के प्रतिनिधि, महिला उद्यमी और स्थानीय समुदाय के सदस्य भी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए डॉक्टर वी के सिंह अध्यक्ष जिला पंचायत ने सिस्को एवम जिला प्रशासन की तारीफ करते हुए कहा कि इस तरह प्रशिक्षण यदि समय समय पर हमारी समूह की महिला बहनों माताओं को मिलता रहना चाहिए जिससे उनकी आमदनी बढ़े एवम स्वावलंबी बने ,तभी माननीय प्रधानमंत्री जी के सपनों का भारत 2047 की विकसित भारत की संकल्पना पूर्ण होगी एवं इसी अवसर पर माननीय महापौर श्री उमेश चंद्र गणेश केसरवानी ने कहा की महिला उद्यमिता को समावेशी आर्थिक विकास और सामाजिक परिवर्तन का एक महत्वपूर्ण आधार होती है । उन्होंने सिस्को और लर्निंग लिंक्स फाउंडेशन के प्रयासों की सराहना की, जो जमीनी स्तर पर उद्यमिता को मजबूत कर महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर और आत्मविश्वासी नेता बनाने में सहायक हैं।
लर्निंग लिंक्स फाउंडेशन के प्रतिनिधियों ने कार्यक्रम के प्रभाव पर प्रकाश डालते हुए बताया कि इस पहल के माध्यम से महिलाओं को क्षमता निर्माण, व्यवसाय मार्गदर्शन, सरकारी योजनाओं की जानकारी और बाजार से जुड़ाव जैसे महत्वपूर्ण सहयोग प्राप्त हुए हैं। इससे महिलाओं ने अपने उद्यमिता कौशल को विकसित किया, व्यवसाय को मजबूत किया और स्थायी आजीविका स्थापित की।
“महिला उद्यमिता परिवार, समुदाय और स्थानीय अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। सिस्को वीमेन एंटरप्रेन्योरशिप प्रोग्राम जैसे प्रयास महिलाओं को आत्मविश्वास बढ़ाने, स्थायी व्यवसाय विकसित करने और समाज की प्रगति में सार्थक योगदान देने के अवसर प्रदान कर रहे हैं। मैं सिस्को और लर्निंग लिंक्स फाउंडेशन को प्रयागराज में महिला उद्यमिता को बढ़ावा देने के लिए बधाई देता हूं।”
— महापौर, प्रयागराज
सिस्को में हमारा उद्देश्य “सभी के लिए समावेशी भविष्य को सशक्त बनाना” है। यह प्रेरणादायक है कि महिला उद्यमी अपनी आकांक्षाओं को सफल और टिकाऊ व्यवसायों में बदल रही हैं, जिससे उनके परिवारों और समुदायों की आजीविका सशक्त हो रही है। डिजिटल माध्यमों के उपयोग से अब ये उद्यमी ऑनलाइन मार्केटप्लेस और सोशल मीडिया के जरिए अपने व्यवसाय का विस्तार कर रही हैं। हमारा बहुभाषी AI चैटबॉट ‘किरण’ एक ऑन-डिमांड व्यवसाय सलाहकार के रूप में उनकी सहायता कर रहा है, जिससे वे जटिल कार्यों को स्वचालित करने, बजट प्रबंधन और अनुपालन प्रक्रियाओं को आसानी से संभाल पा रही हैं। हम ऐसे पारिस्थितिकी तंत्र के निर्माण के लिए प्रतिबद्ध हैं, जहां हर महिला के पास नेतृत्व, नवाचार और सफलता के लिए आवश्यक संसाधन और अवसर हों।
— श्री हरीश कृष्णन, प्रबंध निदेशक एवं मुख्य नीति अधिकारी, सिस्को सिस्टम्स, भारत एवं दक्षिण-पूर्व एशिया
कार्यक्रम के एक विशेष सत्र में महिला उद्यमियों की सफलता की कहानियां प्रस्तुत की गईं, जिन्होंने इस पहल से लाभ उठाया है। उनकी प्रेरणादायक यात्राओं ने यह दर्शाया कि प्रशिक्षण, मार्गदर्शन और अवसरों तक पहुंच कैसे सपनों को सफल उद्यमों में बदल सकती है।
यह कार्यक्रम विभिन्न हितधारकों और प्रतिभागियों के बीच संवाद और सहयोग के साथ संपन्न हुआ, जिसने ज्ञान के आदान-प्रदान और साझेदारी को बढ़ावा दिया।
एम्पावरहर माइलस्टोन कार्यक्रम कॉर्पोरेट, नागरिक समाज संगठनों और सरकारी संस्थाओं के बीच साझेदारी की शक्ति का प्रतीक है, जो महिलाओं के लिए स्थायी अवसरों का सृजन कर स्थानीय अर्थव्यवस्था को सशक्त बना रहा है। कार्यक्रम में प्रयागराज की टीम से सर्वश्री चन्द्रमणि मिश्र, महेश द्विवेदी, विनोद मिश्र, सुरेश कुमार भी उपस्थित रहे।
कुछ स्वयं सहायता समूह की महिलाओं ने अपने अपने उत्पाद के स्टाल भी प्रदर्शन हेतु अवस्थापित किए। जिसमे मुख्य रूप से सुनीता कुशवाहा, नीतू उपाध्याय, सीमा सिंह, नज़रीन, विमला देवी, प्रियंका अंजू देवी, पुष्पा गौड़ आदि प्रमुख रही।
