गोंडा: डीएम ने 7 लापरवाह अधिकारियों पर की कार्रवाई, बिना सूचना गायब और देरी से पहुंचने पर नोटिस
गोंडा जिले की सदर तहसील में शनिवार को आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस के दौरान लापरवाही सामने आने पर जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन ने सख्त रुख अपनाया। बिना सूचना के अनुपस्थित रहने और देरी से पहुंचने वाले 7 अधिकारियों से स्पष्टीकरण मांगा गया है।
96 शिकायतें आईं, 5 का मौके पर निस्तारण
समाधान दिवस में डीएम प्रियंका निरंजन और एसपी विनीत जायसवाल ने फरियादियों की समस्याएं सुनीं। इस दौरान कुल 96 शिकायतें प्राप्त हुईं, जिनमें से 5 शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया। बाकी 91 शिकायतों के जल्द और गुणवत्तापूर्ण समाधान के निर्देश दिए गए हैं।
अधिकारियों की लापरवाही पर नाराजगी
डीएम ने कहा कि कुछ अधिकारियों के बिना सूचना अनुपस्थित रहने और देर से पहुंचने के कारण फरियादियों की समस्याओं के समाधान में कठिनाई हुई। इस पर सभी संबंधित अधिकारियों को स्पष्टीकरण नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि जवाब मिलने के बाद लापरवाही साबित होने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
टीम बनाकर होगी जांच
जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि समाधान दिवस में आई शिकायतों के निस्तारण के लिए विशेष टीम गठित की जाए। यह टीम मौके पर जाकर जांच करेगी और गुणवत्ता के साथ समस्याओं का समाधान सुनिश्चित करेगी।
अतिक्रमण हटाने के भी निर्देश
डीएम ने चकमार्ग, तालाब की जमीन, नाली और अन्य सरकारी भूमि पर अवैध कब्जे के मामलों में राजस्व और पुलिस की संयुक्त टीम बनाकर कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
साथ ही शिकायतों के निस्तारण के दौरान फोटोग्राफी और वीडियोग्राफी कराने तथा शिकायतकर्ता की मौजूदगी दर्ज करने के भी निर्देश दिए गए हैं।
डीएम ने साफ कहा कि संपूर्ण समाधान दिवस में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और जिम्मेदार अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई होगी।
गोण्डा से ब्यूरो रिपोर्ट शिव शरण
