प्रयागराज: गर्मी ने अभी दस्तक ही दी है, लेकिन बिजली की आवाजाही शुरू हो गई है। इसकी वजह मई में पड़ने वाली गर्मी का मार्च में ही आ जाना है। गर्मी और उमस के कारण बिजली की डिमांड बढ़ गई है, जिससे लाइनें ट्रिप करने लगी है। साथ ही कई उपकेंद्रों पर लाइन लास भी बढ़ा है।
करेली, करैलाबाग, कसारी-मसारी में लाइन लास भी बढ़ा
गुरुवार को करेली, करैलाबाग, चौफटका, जीटीवी नगर, गुरुनानक नगर, राजापुर, टैगोर टाउन, सलोरी, 120 फीट रोड समेत अन्य इलाकों में बिजली की आवाजाही लगी रही। इससे लोगों को काफी परेशानी उठानी पड़ी। शाम के समय कई जगहों पर बिजली की आंख मिचौनी से ट्यूबवेल का संचालन भी प्रभावित हुआ। बिजली का यह हाल तब है, जब अभी मार्च ही चल रहा है। अभी अप्रैल, मई और जून की गर्मी बाकी है, लेकिन मार्च के दूसरे सप्ताह से ही गर्मी के तेवर तल्ख होने शुरू हो गए हैं। मई जैसी गर्मी अभी ही पड़ने लगी है, जिस कारण बिजली की खपत बढ़ गई है। प्रतिदिन करीब 900 मेगावाट बिजली की खपत हो रही है। जबकि पिछले वर्ष मार्च माह में बिजली की खपत 810.10 मेगावाट थी। वहीं, करेली, करैलाबाग और कसारी-मसारी उपकेंद्रों में लाइन लास भी बढ़ा है। बिजली चोरी की तमाम कोशिशें यहां नाकाफी साबित हुई हैं।
