प्रयागराज, शहर के बघाड़ा की तरफ जंगल में बीए की छात्रा से सामूहिक दुष्कर्म और हत्या के मामले में वांछित चल रहे आरोपित निसार ने आखिरकार पुलिस को धता बताकर कोर्ट में सरेंडर कर दिया। अदालत में पहुंचने के बाद जब इसकी जानकारी पुलिस को हुई तो वह हतप्रभ रह गए। मगर निसार के जेल जाने से घटना को लेकर कई सवाल अभी भी बाकी है, जिसकी तलाश पुलिस को है। इतना ही नहीं, उसने सरेंडर तब किया, जब कर्नलगंज पुलिस और एसओजी की टीम तलाश में छापेमारी करने का दावा कर रही थी। नासिर भी कर्नलगंज के सादियाबाद मोहल्ले का रहने वाला है। इससे पहले उसके साथी मोहम्मद अफजल को गिरफ्तार कर पुलिस ने जेल भेजा था। दोनों नशेड़ी हैं और बघाड़ा के जंगल में कई लड़कियों से दुष्कर्म कर चुके थे। ऐसा पुलिस का दावा है। सरायममरेज थाना क्षेत्र के जंघई इलाके में रहने वाला एक शख्स गुजरात में प्राइवेट कंपनी में नौकरी करता है। उसकी बड़ी बेटी ईश्वर शरण डिग्री कालेज में बीए द्वितीय वर्ष की छात्रा थी। वह सलोरी स्थित एक लाज में गांव की एक लड़की के साथ रहकर पढ़ाई करती थी। प्रेमी से मिलने गई थी तभी मारकर फेंक दिया कुएं में
यह छात्रा 22 जनवरी को अपने प्रेमी अमन से मिलने के लिए बघाड़ा के जंगल की ओर गई थी। जहां दुष्कर्म के बाद उसकी हत्या कर शव को कुएं में फेंक दिया गया था। आजमगढ़ के मूल निवासी प्रेमी अमन राजपूत ने पूछताछ में बताया था कि वह जंगल में छात्रा के साथ बैठकर बात कर रहा था, तभी कुछ युवक आए, जिनसे झगड़ा व मारपीट होने पर वह भाग गया था। छात्रा के पिता की तहरीर पर पुलिस मुकदमा लिखकर प्रेमी अमन सिंह राजपूत, उसके साथी दीपक यादव, निखिल कनौजिया को गिरफ्तार कर पहले ही जेल भेज चुकी है। फिलहाल निसार तो सलाखों के पीछे चला गया, लेकिन छात्रा के मोबाइल समेत कई जानकारी नहीं मिल सकी। इंस्पेक्टर कर्नलगंज विश्वजीत सिंह का कहना है कि निसार ने कोर्ट में आत्मसर्मपण कर दिया है।
