सिरसा मेजा प्रयागराज : शिवरात्रि के दिन सिरसा गंगा घाट में हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं ने लगाई डुबकी लगाकर भोलेनाथ (श्री श्रीनाथ बाबा मंदिर)का आशीर्वाद प्राप्त किया घाट पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ से जाम की स्थिति उत्पन्न हो गई चौकी इंचार्ज हरिश्चंद्र शर्मा अपने दल बल के साथ वहा तैनात रहे जिससे को गंगा स्नान में श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार परेशानी का सामना न करना पड़े |
आज महाशिवरात्रि का पर्व है. पूरे देश में इसे लेकर मनाया जा रहा है. मंदिरों में भव्य सजावट की गई है. सनातन धर्म में महाशिवरात्रि (Mahashivratri 2022) का विशेष महत्व है. आज 1 मार्च को देशभर में महाशिवरात्रि का पर्व मनाया जा रहा है. भारतीय कैलेंडर के अनुसार फाल्गुन के महीने में मासिक शिवरात्रि को महा शिवरात्रि के रूप में जाना जाता है. महाशिवरात्रि 2022 का हिंदू धर्म में बहुत महत्व है. इस दिन माता पार्वती और भोले नाथ शंकर की पूजा की जाती है. धार्मिक शास्त्रों के अनुसार ऐसा माना जाता है कि महाशिवरात्रि के दिन ही भगवान शिव और माता पार्वती का विवाह हुआ था. महाशिवरात्रि के दिन भगवान शिव (Lord Shiva) की बेलपत्र, भांग, धतूरा, मदार पुष्प, सफेद चंदन, सफेद फूल, मौसमी फल, गंगाजल, गाय के दूध से विधिपूर्वक पूजा का विधान है. माना जाता है कि महाशिवरात्रि का व्रत रखने और विधि-विधान से पूजा करने से सभी मनोकामनाएं पूरी होती हैं. महाशिवरात्रि के दिन भगवान को भांग चढ़ाने का भी विशेष महत्व माना जाता है.
