
मिर्जापुर. उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव (Uttar Pradesh Assembly Election) के लिए अंतिम चरण के मतदान में हिस्सा लेने मिर्जापुर पहुंची अपना दल एस की अध्यक्ष अनुप्रिया पटेल ने एक बार फिर से यूपी में भारी बहुमत के साथ एनडीए गठबंधन की सरकार बनने का दावा किया है. अनुप्रिया पटेल ने स्वामी प्रसाद मौर्य से लेकर जयंत चौधरी के सपा के साथ होने पर उनके प्रभाव को नकारते हुए कहा कि इससे भाजपा और उसके सहयोगी दलों को कोई नुकसान हीं हुआ है, बल्कि जो लोग एनडीए गठबंधन का हिस्सा बनने से चूक गए उनको 10 मार्च को बीजेपी और सहयोगी दलों की सरकार बनने के बाद पछताना पड़ेगा.
केंद्रीय मंत्री अनुप्रिया पटेल ने न्यूज 18 से बात करते हुए स्वामी
प्रसाद मौर्य के सपा के साथ चले जाने पर कहा कि इससे भाजपा और उसके सहयोगी
दलों पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा. उन्होंने कहा कि यूपी में जातीय समीकरणों
को साधा जाता है, क्योंकि जाति आधारित हमारी सामाजिक संरचना है. जाति
समीकरणें को हर नेता व दल साधता है. उन्होंने कहा कि किसी नेता के चुनाव के
ठीक पहले आना या जाना से खास प्रभाव नहीं पड़ता है. राजनीति में चुनाव के
पहले आया राम गया राम लगा रहता है. अगर पिछले इतिहास को उठाकर देख लें तो
किसी नेता के दूसरी पार्टी में चले जाने को मतदाता इश्यू बेस नहीं समझते.
चुनाव के समय आया राम गया राम लगा रहता है. इससे कोई प्रभाव नहीं पड़ता है.एनडीए गठबंधन को जनता ने पूरे मन से स्वीकारा
पहले दूसरे चरण में जयंत चौधरी के प्रभाव और किसानों की नाराजगी पर बीजेपी
को नुकसान पर अनुप्रिया पटेल ने कहा कि कोई भी गठबंधन आकार बढ़ाने का
प्रयास करता है, लेकिन एनडीए के गठबंधन को जनता ने पूरे मन से स्वीकारा है.
शुरू से ही एनडीए गठबंधन के प्रत्याशियों को समर्थन में मतदाताओं का रुझान
दिखा है. सातवें चरण के आते आते यह काफी बढ़ चुका है. अनुप्रिया ने कहा कि
अब 10 मार्च को जो परिणाम सामने आएंगे उससे साफ है कि जो सारे लोग एनडीए
गठबंधन में आने से चूक गए वह पछताएंगे, लेकिन अब पछताए होत का जब चिड़िया
चुग गई खेत.
