बलिया (यूपी) / पटना (बिहार):
विश्वस्तरीय संगठन ग्लोबल कायस्थ कॉन्फ्रेंस (जीकेसी) की बिहार राज्य कार्यकारिणी की एक महत्वपूर्ण बैठक आगामी 1 नवंबर को राजधानी पटना में आयोजित की जाएगी। बैठक को लेकर संगठन के स्तर पर व्यापक तैयारियां शुरू कर दी गई हैं।
इस बैठक का मुख्य उद्देश्य संगठन की वर्तमान गतिविधियों की समीक्षा करने के साथ-साथ बिहार में संगठनात्मक विस्तार, सदस्यता अभियान, शिक्षा, कला-संस्कृति, समाजसेवा और महिला सशक्तीकरण जैसे विषयों पर भावी रणनीति तैयार करना है।
प्रमुख बिंदु एवं नेताओं के वक्तव्य:कायस्थ समाज को सशक्त बनाने की पहल (ग्लोबल अध्यक्ष - राजीव रंजन प्रसाद): जीकेसी के ग्लोबल अध्यक्ष राजीव रंजन प्रसाद ने कहा कि संगठन का मूल उद्देश्य कायस्थ समाज को एक साझा मंच प्रदान कर उसकी प्रतिभा और सामाजिक योगदान को पहचान दिलाना है। उन्होंने कहा कि किसी भी संगठन की मजबूती उसके सदस्यों की सक्रियता और आपसी समन्वय पर निर्भर करती है।
बिहार कार्यकारिणी की यह बैठक राज्य में संगठन का ढांचा मजबूत करने और युवाओं को नए अवसर प्रदान करने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगी। महिला एवं युवा भागीदारी पर जोर (प्रबंध न्यासी - रागिनी रंजन):जीकेसी की प्रबंध न्यासी रागिनी रंजन ने कहा कि समाज की प्रगति के लिए महिलाओं और युवाओं की सक्रिय भागीदारी अनिवार्य है।
उन्होंने कहा कि यह बैठक पुरानी उपलब्धियों की समीक्षा के साथ-साथ नई पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक विरासत, परंपराओं और मूल्यों से जोड़ने का माध्यम बनेगी। उन्होंने पदाधिकारियों से तैयारियों में बढ़-चढ़कर योगदान देने की अपील की।
निचले स्तर तक संगठन का विस्तार (प्रदेश अध्यक्ष - दीपक अभिषेक):
जीकेसी के प्रदेश अध्यक्ष सह राष्ट्रीय उपाध्यक्ष दीपक अभिषेक ने बताया कि बैठक में बिहार के सभी जिलों में इकाइयों को सक्रिय करने और सदस्यता अभियान में तेजी लाने पर विशेष जोर दिया जाएगा। राज्य, जिला और स्थानीय स्तर पर बेहतर समन्वय स्थापित करने के लिए संपर्क अभियान चलाया जा रहा है।
निष्कर्ष:
1 नवंबर को पटना में होने वाली यह राज्य कार्यकारिणी बैठक बिहार में ग्लोबल कायस्थ कॉन्फ्रेंस के भावी कार्यक्रमों और सामाजिक-सांस्कृतिक गतिविधियों को नई दिशा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

