प्रदीप बच्चन (ब्यूरो चीफ)
बलिया (उत्तर प्रदेश)। विधानसभा क्षेत्र सिकंदरपुर के अंतर्गत ग्राम पंचायत बहदुरा में मंगलवार शाम ग्रामीणों और युवाओं के गुस्से का सामना एक लेखपाल को करना पड़ा। बहदुरा गांव के चट्टी पर युवाओं ने लेखपाल को घेरकर जमकर खरी-खोटी सुनाई और बाढ़ राहत मुआवजे में कथित धन उगाही का आरोप लगाया।
सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे एक वीडियो के अनुसार, स्थानीय युवाओं ने आरोप लगाया कि बाढ़ के कारण बर्बाद हुई फसलों की सर्वे रिपोर्ट तैयार करने और मुआवजा राशि दिलवाने के नाम पर लेखपाल द्वारा पैसों की मांग की जा रही है।
आक्रोशित युवाओं ने लेखपाल को मौके पर ही रोककर सवाल-जवाब किए और इस व्यवहार पर कड़ा विरोध दर्ज कराया। ग्रामीणों का कहना है कि बाढ़ के कारण किसानों की कमर पहले ही टूट चुकी है और फसलें पूरी तरह से तबाह हो गई हैं। ऐसे संकट के समय में भी मुआवजे के नाम पर रिश्वत मांगा जाना एक अत्यंत गंभीर और निंदनीय मामला है।
स्थानीय ग्रामीणों व युवाओं ने इस प्रकरण को लेकर संबंधित उच्च अधिकारियों का ध्यान आकृष्ट कराया है। उन्होंने मामले की निष्पक्ष जांच कराने तथा दोषी पाए जाने पर संबंधित लेखपाल के खिलाफ सख्त से सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई करने की मांग की है।
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