गोंडा में खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन और नगर कोतवाली पुलिस की संयुक्त टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए करीब 1 करोड़ 13 लाख रुपये मूल्य की नशीली, मनःप्रभावी और अन्य एलोपैथिक दवाएं बरामद की हैं। बिना वैध लाइसेंस संचालित तीन औषधि गोदामों को सीज कर दिया गया है। कार्रवाई के दौरान शिवम कसौधन को गिरफ्तार किया गया, जबकि मुख्य आरोपी अमन कसौधन फरार है। पुलिस उसकी तलाश में लगातार दबिश दे रही है।
उत्तर प्रदेश में नकली और नशीली दवाओं के अवैध कारोबार के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन मुख्यालय, लखनऊ के निर्देश पर यह कार्रवाई की गई। गोपनीय सूचना के आधार पर 16 से 18 जुलाई तक बरियारपुरवा, सोनार गली और बड़गांव क्षेत्र में सघन छापेमारी अभियान चलाया गया। इस अभियान में प्रदेश के नौ जिलों के औषधि निरीक्षकों के साथ स्थानीय पुलिस की टीम शामिल रही।
जांच के दौरान टीम सबसे पहले गोंडा-बलरामपुर मार्ग स्थित जयनगरा, बड़गांव में अमन फार्मास्युटिकल्स के बताए गए पते पर पहुंची। जांच में फर्म निर्धारित पते पर संचालित नहीं मिली और मौके पर कोई साइन बोर्ड भी नहीं पाया गया। इसके बाद टीम संचालक अमन कसौधन के घर पहुंची। यहां उसके भाई शिवम कसौधन ने कथित तौर पर स्वीकार किया कि दोनों भाई बरियारपुरवा स्थित एक स्थान से बिना वैध लाइसेंस के दवाओं का कारोबार कर रहे थे।
पूछताछ के आधार पर संयुक्त टीम ने दो अन्य गोदामों पर भी छापेमारी की। जांच में वहां भी बिना वैध औषधि लाइसेंस के बड़ी मात्रा में दवाओं का भंडारण और कारोबार किए जाने की बात सामने आई। संचालक दवाओं की खरीद-बिक्री से संबंधित बिल, स्टॉक रजिस्टर और अन्य जरूरी दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सके। इसके बाद तीनों गोदामों में रखी दवाओं को सीज कर दिया गया।
लाखों कैप्सूल-टैबलेट और 1.96 लाख ट्रामाडोल इंजेक्शन बरामद
कार्रवाई के दौरान 53,712 डिपट्राम प्लस कैप्सूल, 14,700 अल्ट्रानिम-पी टैबलेट, 59,256 प्रोक्सीस्पास कैप्सूल, 2,82,960 सेम्प्लेक्स प्लस कैप्सूल, 32,160 रोमर स्पास कैप्सूल, 1,96,000 ट्रामाडोल इंजेक्शन, 60,000 अल्जोमैक-0.5 (अल्प्राजोलम) टैबलेट और 63 बोतल कोडीन फॉस्फेट सिरप समेत बड़ी मात्रा में अन्य एलोपैथिक दवाएं बरामद की गईं। जब्त की गई दवाओं का अनुमानित बाजार मूल्य करीब 1.13 करोड़ रुपये बताया गया है।
टीम ने कुल 19 प्रकार की दवाओं के नमूने लेकर जांच के लिए राजकीय प्रयोगशाला भेजे हैं। प्रयोगशाला की जांच रिपोर्ट आने के बाद औषधि एवं प्रसाधन सामग्री अधिनियम, 1940 के तहत आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
NDPS एक्ट में FIR, मुख्य आरोपी की तलाश जारी
पुलिस ने कार्रवाई के दौरान शिवम कसौधन को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि उसका भाई और अवैध कारोबार का कथित मुख्य संचालक अमन कसौधन फरार बताया जा रहा है। पुलिस की टीमें उसकी गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं।
अधिकारियों के मुताबिक, आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/21 के तहत नगर कोतवाली में मुकदमा दर्ज किया गया है। खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन का कहना है कि नकली, अवैध और नशीली दवाओं के कारोबार के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा और ऐसे नेटवर्क से जुड़े लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
गोण्डा से ब्यूरो रिपोर्ट शिव शरण

