167वें आयकर दिवस समारोह का आयोजन
कर संग्रह केवल एक ड्यूटी नहीं, बल्कि राष्ट्र की आराधना है।*
167वें आयकर दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में सभी अधिकारियों, कर्मचारियों एवं करदाताओं को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएँ देते हुए श्रीमती मीनाक्षी सिंह, मुख्य आयकर आयुक्त, इलाहाबाद ने कहा कि राष्ट्र-निर्माण की प्रक्रिया में कर प्रशासन और करदाता, दोनों की भूमिका अत्यन्त महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि कर संग्रह केवल राजस्व जुटाने की प्रक्रिया नहीं, बल्कि देश के विकास, जनकल्याण और मजबूत आर्थिक व्यवस्था की आधारशिला है।
अपने संबोधन में उन्होंने श्रीमद्भगवद्गीता के श्लोक "योगः कर्मसु कौशलम्" का उल्लेख करते हुए कहा कि कार्य में कुशलता, समर्पण और अनुशासन ही उत्कृष्ट प्रशासन की पहचान है। उन्होंने कहा कि "कर संग्रह केवल एक ड्यूटी नहीं, बल्कि राष्ट्र की आराधना है," क्योंकि प्रत्येक करदाता का योगदान राष्ट्र के निर्माण में प्रत्यक्ष रूप से सहायक होता है। आपने कहा कि वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान इलाहाबाद क्षेत्र ने ₹940 करोड़ के बजट लक्ष्य के मुकाबले ₹2,038.95 करोड़ का शुद्ध संग्रह हासिल किया, जो पिछले वर्ष की तुलना में 132.10% की प्रभावशाली वृद्धि है।
उन्होंने कहा कि मुख्य आयकर आयुक्त, इलाहाबाद प्रभार द्वारा करदाता सेवाएँ एवं पारदर्शिता में वृद्धि को सुनिश्चित करने के लिए प्रभार के सभी 48 स्टेशनों पर दिनांक 15 जुलाई से 31 जुलाई तक बकाया मांग और शिकायत निवारण शिविर का आयोजन किया जा रहा है। दिनांक 15 जुलाई से प्रारंभ इस अभियान में अब तक बकाया मांग तथा अन्य शिकायतों 551 मामलों 277 का निस्तारण किया गया। आपने सभी संबंधित करदाताओं एवं टैक्स प्रैक्टिशनरों से अनुरोध करते हुए कहा कि वे कैंप में आते समय अपने मामलों से जुड़े आवश्यक दस्तावेज (जैसे- प्रासंगिक असेसमेंट ईयर का नोटिस, टैक्स जमा करने के चालान की प्रति, पूर्व में दिए गए आवेदनों की प्रति आदि) अपने साथ अवश्य लाएं, ताकि उनके मामलों की जांच कर तुरंत कार्रवाई की जा सके।
आपने बताया कि आयकर विभाग द्वारा नए आयकर अधिनियम तथा नियम लागू किए गए हैं। कानून का निर्माण निसंदेह महत्वपूर्ण दायित्व है। किंतु उसकी वास्तविक सफलता उसके प्रभावी, निष्पक्ष और संवेदनशील क्रियान्वयन में ही निहित है।
कार्यक्रम में प्रधान आयकर आयुक्त, इलाहाबाद श्री मानस मेहरोत्रा ने प्रभार की हालिया उपलब्धियों और करदाता-सेवा में पारदर्शिता पर प्रकाश डाला। आयकर आयुक्त (अपील) यूनिट-1, इलाहाबाद श्री कौशलेंद्र तिवारी ने अपील निस्तारण तथा शिकायत निवारण में उठाये गये कदमों का उल्लेख किया। श्री ए.के.सिंह, आयकर आयुक्त (ओएसडी) ने विभागीय कार्यों को तत्परता से करने पर बल दिया। संयुक्त आयकर आयुक्त, इलाहाबाद श्री सुदीप्त पाल ने करदाता जागरूकता और आउटरीच गतिविधियों के महत्व को बताया।
आयकर दिवस के अवसर पर अध्यक्ष, केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड, नई दिल्ली का संदेश का वीडियो प्रसारण किया गया तथा आयकर की उपलब्धियों पर एक लघु फिल्म भी प्रदर्शित की गई, साथ ही सभागार में उपस्थित सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों को माननीया श्रीमती मीनाक्षी सिंह जी द्वारा प्रतिज्ञा दिलाई गई।
कर जागरुकता बढ़ाने के उद्देश्य से इलाहाबाद प्रभार के सभी 48 स्टेशनों पर आउटरीच कार्यक्रमों का आयोजन कर करदाताओं से परस्पर संवाद स्थापित किया जा रहा है। इसके अलावा आयकर परिसर, प्रयागराज एवं अधीनस्थ कार्यालयों में बड़े पैमाने पर वृक्षारोपण अभियान चलाकर पर्यावरण संरक्षण हेतु कदम उठाए गए हैं।
आयकर दिवस को उल्लासपूर्ण ढंग से मनाते हुए इलाहाबाद प्रभार तथा इसके 48 अधीनस्थ कार्यालयों में "डिजीटल इंडिया और टैक्स प्रणाली का सरलीकरण" तथा "राष्ट्र निर्माण में कर की भूमिका" विषय पर अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने बढ़-चढ़कर अपनी सहभागिता करते हुए अपने रचनात्मक कौशल का प्रदर्शन किया।
कार्यक्रम में श्री मानस मेहरोत्रा, प्रधान आयकर आयुक्त, इलाहाबाद; श्री कौशलेंद्र तिवारी, आयकर आयुक्त (अपील), इलाहाबाद; श्री सुदीप्त पाल, संयुक्त आयकर आयुक्त, इलाहाबाद तथा प्रभार के समस्त अधिकारी एवं कर्मचारी सहित आईटीईएफ तथा आईटीगोआ के पदाधिकारी भी उपस्थित रहे।
(जितेंद्र प्रताप)
आयकर अधिकारी (मुख्यालय/प्रशासन)
कार्यालय मुख्य आयकर आयुक्त, इलाहाबाद
