प्रयागराज: उत्तर प्रदेश में माध्यमिक शिक्षा परिषद (यूपी बोर्ड) की हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की परीचाएं 24 मार्च से शुरू हो रही हैं। यह परीक्षा 12 अप्रैल तक चलेगी। दो पालियों में आयोजित होने वाली परीक्षा प्रदेश के 75 जिलों में 8373 परीक्षा केंद्रों पर सुबह 8 से 11:15 तक और अपराह्न 2 से 5:15 बजे तक होगी। इस बार यूपी बोर्ड में कुल 5192689 परीक्षार्थी एग्जाम देंगे। इस बार भी पेपर पढ़ने के लिए परीक्षार्थियों को 15 मिनट का समय अतिरिक्त मिलेंगे।
प्रदेश के 254 अति संवेदनशील केंद्र सबसे बड़ी चुनौती
प्रदेश में 861 संवेदनशील और 254 अतिसंवेदनशील परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। नकल माफिया पर नकेल कसने के लिए प्रशासन ने भी तैयारियां पूरी कर ली हैं। नकल विहीन परीक्षा कराने के लिए इस बार परीक्षा केंद्रों में वॉयस रिकॉर्डर भी लगाए गए हैं। हर परीक्षा केंद्र की निगरानी के लिए जनपद स्तर पर कंट्रोल रूम की व्यवस्था की गई है जहां सीसीटीवी फुटेज के आधार पर मॉनिटरिंग होगी।
एक घंटे पहले पहुंचना होगा परीक्षा केंद्र
छात्रों को परीक्षा शुरू होने से एक घंटे पहले परीक्षा हॉल में पहुंचने की सलाह दी गई है। इसके अलावा किसी भी प्रकार की नकल सामग्री, मोबाइल, कैलकुलेटर, ब्ल्यूटूथ डिवाइस परीक्षा केंद्र में ले जाने की अनुमति नहीं होगी। यदि किसी भी छात्र के पास अनुचित साधन मिला तो उसे रस्टीकेट कर दिया जाएगा। इसके अलावा सभी छात्रों को अनिवार्य रूप से अपने एडमिट कार्ड की हार्ड कॉपी साथ ले जाना होगा। ऐसा नहीं करने वालों को परीक्षा में बैठने की अनुमति नहीं दी जाएगी। परीक्षा कोविड प्रोटोकॉल के साथ होगी।
नकल पर नकेल कसेंगे सुपर जोनल मजिस्ट्रेट
यूपी बोर्ड की 24 मार्च से शुरू हो रही हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की परीक्षा में इस बार प्रदेश के हर जिले में सुपर जोनल मजिस्ट्रेट तैनात किए गए हैं। अपर जिलाधिकारी स्तर के इन अधिकारियों के ऊपर नकल पर नकेल कसने की जिम्मेदारी होगी। यूपी बोर्ड में नकल रोकने के लिए प्रदेश के हर जिले में कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है जहां से सभी परीक्षा केंद्रों की सदन मॉनिटरिंग व निगरानी होगी। नकल कराने मैं यदि किसी व्यक्ति की भूमिका नजर आती है तो उसके खिलाफ शासन ने सख्त कार्रवाई करने का आदेश दिया है।
हर जिले में एडीएम स्तर के 3 अधिकारी होंगे तैनात
शासन ने यूपी बोर्ड की परीक्षा की शुचिता को बरकरार रखने के लिए इस बार हर जिले में एडीएम स्तर के कमसे कम 3 अधिकारियों की तैनाती का आदेश दिया है। ये अधिकारी अपने--अपने जिलों में यूपी बोर्ड की परीक्षा को सकुशल व नकल विहीन परीक्षा कराने के लिए जिम्मेदार होंगे। प्रयागराज में एडीएम स्तर पर 3 अधिकारियों को सुपर जोनल मजिस्ट्रेट बनाया गया है।
प्रयागराज में 24 सेक्टर मजिस्ट्रेट तैनात किए गए
जिलाधिकारी संजय खत्री ने बताया कि हाईस्कूल व इंटरमीडिएट परीक्षा को सकुशल नकलविहीन, निर्विघ्न सम्पन्न कराने को लेकर प्रयागराज के सभी 321 परीक्षा केन्द्रों को 24 सेक्टरों में बांटा गया है। परीक्षा केन्द्रों की शुचिता के लिए अपर जिलाधिकारी स्तर के 3 सुपर जोनल मजिस्ट्रेट, उपजिलाधिकारी स्तर के 8 जोनल मजिस्ट्रेट व खंड विकास अधिकारी, तहसीलदार, नायब तहसीलदार सहित 24 सेक्टर मजिस्ट्रेट तैनात किए गए हैं। इसके अलावा सभी परीक्षा केन्द्रों पर 1-1 स्टैटिक मजिस्ट्रेट 1-1 वाह्य केन्द्र व्यवस्थापक लगाये गये हैं।
कंट्रोल रूम से होगी हर केंद्र की निगरानी
जिलाधिकारी ने बताया कि जनपद स्तरीय कंट्रोल रूम के माध्यम से सभी परीक्षा केन्द्रों की सघन मानीटरिंग की जायेगी। किसी भी स्तर पर किसी के द्वारा यदि शिथिलता बरती गई तो उसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। परीक्षा की शुचिता प्रभावित करने वाले व्यक्तियों के खिलाफ भी कठोरतम पुलिस कार्रवाई की जायेगी। अपर जिलाधिकारी नजूल ने बताया कि परीक्षा केंद्रों पर पेयजल, शौचालय, बिजली, जनरेटर आदि की व्यवस्था की गई है। जनपद स्तर पर कंट्रोल रूम बनाया गया है जहां से हर परीक्षा केंद्र की सीसीटीवी फुटेज के माध्यम से निगरानी की जाएगी। यदि किसी केंद्र पर नकल कराई जाती मिली तो केंद्र व्यवस्थापक के अलावा संबंधित मजिस्ट्रेट भी जिम्मेदारी होंगे।
बोर्ड परीक्षा की मुख्य बातें
प्रदेश के 75 जिलों में यूपी बोर्ड परीक्षा 24 मार्च से शुरू होकर 12 अप्रैल 2022 तक जारी रहेगी।
राज्य के कुल 8873 परीक्षा केंद्रों पर इस साल परीक्षा का आयोजन हो रहा है।
10वीं और 12वीं के कुल 51,92,689 छात्रों ने बोर्ड परीक्षा में रजिस्ट्रेशन कराया है।
कक्षा 10वीं के 27,81,654 छात्र और 12वीं के 24,11,035 छात्र शामिल हैं।
लडकों की संख्या इस साल 15,53,198 है, जबकि लडकियों की 12,28,456 है।
पहली शिफ्ट सुबह 8 बजे से 11:15 बजे तक चलेगी और दूसरी शिफ्ट की परीक्षा दोपहर 2 बजे से 5:15 बजे तक होगी।
इस बार बोर्ड परीक्षा में शासन ने वॉयस रिकार्डर से निगरानी का निर्णय लिया है।
प्रदेश के 861 संवेदनशील और 254 अतिसंवेदनशील केंद्रों पर विशेष निगाह।
पेपर पढ़ने के लिए परीक्षार्थियों को 15 मिनट का समय अतिरिक्त मिलेंगे।
पेपर हल करने के लिए हर विषय के विद्यार्थी को 3 घंटे का समय मिलेगा।
